Bokaro: A view of the Naxal camp discovered during a joint anti-Naxal operation by COBRA 209 Battalion and Bokaro Police, in Bokaro district, Jharkhand. The operation led to the killing of SZCM member Kunwar alias Sahdev Manjhi. (Photo: IANS/X/@bokaropolice)
झारखंड के हजारीबाग जिले में नक्सलियों के खिलाफ पुलिस और सुरक्षा बलों के संयुक्त ऑपरेशन में सोमवार सुबह एक करोड़ के इनामी माओवादी नक्सली सहदेव सोरन उर्फ प्रवेश सहित कुल तीन नक्सली मारे गए। मुठभेड़ बरकट्ठा-गोरहर थाना क्षेत्र के पनतीतरी जंगल में हुई। पुलिस मुख्यालय ने तीन नक्सलियों के मारे जाने की पुष्टि की है। मुठभेड़ के बाद सर्च ऑपरेशन में सुरक्षाबलों ने मारे गए नक्सलियों के शव बरामद कर लिए। घटनास्थल से तीन एके-47 राइफल भी बरामद की गई। मारे गए दो अन्य नक्सलियों में 25 लाख का इनामी और भाकपा माओवादी संगठन की झारखंड स्पेशल एरिया कमेटी का सदस्य रघुनाथ हेम्ब्रम और 10 लाख का इनामी वीर सेन गंझू शामिल हैं। नक्सलियों के खिलाफ अभियान में दो दिन के भीतर झारखंड पुलिस की यह दूसरी बड़ी सफलता है। इसके पहले रविवार को पलामू के मनातू जंगल में सुरक्षाबलों और प्रतिबंधित संगठन टीएसपीसी (तृतीय सम्मेलन प्रस्तुति कमेटी) के बीच मुठभेड़ में 5 लाख का इनामी नक्सली मुखदेव यादव मारा गया था। 7 सितंबर को पश्चिमी सिंहभूम जिले के गोइलकेरा थाना क्षेत्र के बुर्जुवा पहाड़ी पर पुलिस ने 10 लाख के इनामी नक्सली अमित हांसदा उर्फ अपटन को ढेर किया था। बोकारो जिले का रहने वाला अमित 96 नक्सली वारदातों में वांटेड था। झारखंड पुलिस के आंकड़ों के अनुसार, राज्य में औसतन हर महीने तीन नक्सली मुठभेड़ों में मारे जा रहे हैं। फिलहाल राज्य में 100 से 150 माओवादी सक्रिय हैं। 58 नक्सली इनामी सूची में हैं, जिन पर कुल 5 करोड़ 46 लाख रुपए का इनाम घोषित है। पुलिस की मोस्ट वांटेड सूची में भाकपा माओवादी के 13 बड़े नक्सली हैं। इनमें मिसिर बेसरा, पतिराम मांझी और असीम मंडल पर एक-एक करोड़ रुपए का इनाम है। इनके अलावा, अनमोल, मोछु, अजय महतो, अगेन अंगरिया, अश्विन, पिंटू लोहरा, चंदन लोहरा, जयकांत और रापा मुंडा भी सूची में हैं। इस वर्ष नक्सलियों के खिलाफ सबसे बड़ी मुठभेड़ 21 अप्रैल को बोकारो जिले के लुगु पहाड़ पर हुई थी, जब एक करोड़ के इनामी प्रयाग मांझी उर्फ विवेक सहित आठ माओवादी मारे गए थे। झारखंड पुलिस और केंद्रीय बल मार्च 2026 तक राज्य को नक्सल मुक्त बनाने के लक्ष्य के तहत अभियान चला रहे हैं। इस अभियान के तहत जनवरी से अब तक 28 नक्सली मारे जा चुके हैं।
